नेपोटिज्म किसे कहते है? Nepotism किस फ़ील्ड में सबसे अधिक है?
क्या आपको पता है Nepotism का हिंदी मतलब (nepotism meaning in Hindi) क्या है? इंग्लिश में अपनी पकड़ अच्छी करने के लिए आपको इंग्लिश ग्रामर और vocabulary की अच्छी जानकारी होनी चाहिए।
ग्रामर को इंग्लिश स्पीकिंग के लिए बहुत आवश्यक माना जाता है इसके बाद एक और फैक्टर जोकि अपनी इंग्लिश स्पीकिंग इंप्रूव करने में काफी मददगार हो सकता है वो है आपकी अच्छी vocabulary इसके बिना भी आप की नॉलेज को आधी अधूरी मानी जाती है। इसी क्रम में आज हम एक बहुप्रचलित वर्ड “नेpotism” के बारे में जानकारी शेयर करेगे।
Nepotism Meaning In Hindi
- भाईभतीजावाद
- कुलपक्षपात
- कुनबापरस्ती
- संबंधियों का पक्षपात
- रिश्तेदारों की मुहब्बत
- रिश्तेदारों की तरफदारी
- नेपोटिज्म की परिभाषा और हिंदी अर्थ
दोस्तों, आपने बॉलीवुड की प्रसिद्ध अभिनेत्री कंगना रनौत के साक्षात्कार में कई बार इस शब्द का उपयोग सुना होगा, जिसे नेपोटिज्म कहते हैं। यह शब्द आपके लिए पूरी तरह से नया हो सकता है और आप बोलचाल की भाषा में इसका उपयोग करके अपनी शब्दावली को मजबूत कर सकते हैं।
अब आपके मन में यह सवाल उठ रहा होगा कि इस शब्द का उपयोग किन परिस्थितियों में किया जाता है, तो हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से बताते चलते हैं।
नेपोटिज्म (Meaning)
जैसे इस वर्ड का प्रयोग घूम घुमाकर एक ही अर्थ में प्रयोग किया जाता है। जिसके तहत अपने सगे संबंधियों को किसी विशेष क्षेत्र में उपलब्धि हासिल करने के लिए मौका दिलाना फिर चाहे उनके अंदर काबिलियत हो या न हो उससे कोई फर्क नहीं पड़ता है।
भाई-भतीजावाद (नेपोटिज़्म) शब्द की उत्पत्ति का जिक्र करें तो इसे पहले के समय में कैथोलिक पोप और बिशप के जरिए अपने सगे संबंधियों को उच्च स्तरीय पद पर पहुंचाने के लिए प्रयोग किया जाता था। इसके बाद से स्थिरता से यह अवधारणा राजनीति, मनोरंजन और धार्मिक आदि क्षेत्रों में प्रचलित होने लगी है।
Nepotism के अधिकतर मामले बालीवुड और राजनीति से
वर्तमान समय में नेपोटिज़्म शब्द का उपयोग आपको अधिकांश रूप में राजनीति के क्षेत्र के अलावा मनोरंजन के क्षेत्र में बहुत प्रचलित है।
वर्तमान समय में नेपोटिज़्म शब्द का उपयोग अधिकांश रूप में राजनीति के क्षेत्र के अलावा मनोरंजन के क्षेत्र में बहुत प्रचलित है। यह शब्द अपने मूल अर्थ से अलग होकर, अब यह उस स्थिति को दर्शाने के लिए उपयोग होता है जब किसी व्यक्ति या संगठन द्वारा अपने संबंधित व्यक्तियों को अधिकाधिक उच्च पदों पर नियुक्त किया जाता है, इसे नेपोटिज़्म कहा जाता है। यह अवधारणा अब धार्मिक, साहित्यिक और व्यापारिक क्षेत्रों में भी प्रचलित हो गई है।
इस शब्द को अपनी स्मृति में सुरक्षित रखने के लिए आपको कुछ ही समय पहले हुई एक दुखद घटना के बारे में जानना चाहिए। बॉलीवुड के प्रमुख अभिनेता सुशांत राजपूत भी नेपोटिज़म के शिकार हुए थे। न्यूज़ चैनलों पर इस शब्द का उपयोग बहुत हो रहा था।
जैसा कि आपको पता होगा, बिहार के गौरव सुशांत सिंह राजपूत एक बहुत अच्छे अभिनेता थे, लेकिन उन्हें बड़े बॉलीवुड सेलेब्रिटीज़ ने परेशान किया, फ़िल्म निर्माता और निर्देशक उन्हें काम नहीं दे रहे थे, हालांकि उनमें काबिलियत थी और वे एक अच्छे अभिनेता थे।
भाईभतीजावाद (Nepotism) अयोग्यता पर निर्भर नही होता
जब आपको सत्ता मिलती है, तो आप उसे अपने सगे संबंधियों को पहुंचाने लगते हैं, चाहे उनके पास उसे संभालने की क्षमता हो या न हो। इसे हम नेपोटिज़्म कहते हैं। नेपोटिज़्म एक ऐसी प्रथा है जिसमें सत्ता के धारक अपने परिवार के सदस्यों को अधिकारिता और लाभ प्रदान करते हैं, अनदेखी करते हुए उनकी क्षमता और योग्यता को। इसका परिणाम होता है कि अनुचित और अयोग्य लोगों को उच्च पदों और अवसरों में नियुक्ति मिलती है, जबकि योग्य और पात्र लोग इन अवसरों से वंचित रह जाते हैं।
अब Briefly समझ लीजिए:
पक्षपात करना विशेष तौर पर जिस क्षेत्र पर आप को संपूर्ण रूप से अधिकार प्राप्त हो उस क्षेत्र में किसी बाहरी व्यक्ति को जॉब अपॉर्चुनिटी ना देकर अपने सगे संबंधी लोगों को नौकरी दिलाने में मदद करना उनके अंदर उस पद को संभालने की योग्यता भी मौजूद ना हो, इसे ही nepotism कहते हैं|
प्रत्येक फ़ील्ड में भाईभतीजा
भाई भतीजावाद वर्तमान समय में लगभग हर क्षेत्र में प्रचलित है जिनमें बिजनेस ,राजनीति, मनोरंजन, खेल, धार्मिक क्षेत्र के अतिरिक्त अन्य क्षेत्र भी इससे अछूता नहीं है।
राजनीती में भी आपको खूब nepotism देखने को मिलेगा, आज किसी भी नेता, मंत्री, बिधायक पे नजर उठा के देखिये भाई-भतीजा या रिश्तेदार को भी पद का भरपूर फायदा दिया जाता है बड़े बड़े मंत्रियो के बेटे भी राजनीती में ही कदम रखते हैं भले ही वो उस कार्य के काबिल न हो उन्हे हों घुसेड़ दिया जाता है|
Nepotism और भ्रष्टाचार (करप्शन)
- नेपोटिज्म का अर्थ है किसी क्षेत्र में अपने रिश्तेदारों को बिना किसी योग्यता के फायदा पहुंचाना।
- इसके कारण किसी योग्य व्यक्ति को उचित स्थान नहीं मिल पाता और भ्रष्टाचार की वृद्धि होती है।
- भारत में नेपोटिज्म सभी क्षेत्रों में देखा जा सकता है, जैसे कि राजनीति, सिनेमा और खेलों में हर जगह।
भाईभतीजावाद से योग्यता का महत्व कम
एक साक्षात्कारकर्ता ने बताया कि भाई-भतीजावाद के परिणाम भ्रष्टाचार से भी बदतर हैं। यह इसलिए है क्योंकि भाई-भतीजावाद के कारण अधिकारियों और नेताओं के परिवार के सदस्यों को अनुचित तरीके से लाभान्वित किया जाता है, जिससे समाज में भ्रष्टाचार की वृद्धि होती है।
इस दौरान, तीन अन्य उत्तरदाताओं ने विवाद किया कि भाई-भतीजावाद से दूसरों के लिए काम करने और निष्पक्ष रूप से प्रतिस्पर्धा करने के अवसर बंद हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि भाई-भतीजावाद की मौजूदगी ने उन्हें यह विश्वास दिलाया है कि अगर योग्यता इतनी कम मायने रखती है तो पढ़ाई और कड़ी मेहनत करने का कोई मतलब नहीं है।
इन लोगों को भाई-भतीजावाद के कारण करियर में अनुचित व्यवहार के कारण आलसी हो जाते हैं, जिससे प्रतिस्पर्धा खत्म हो जाती है और नवाचार हासिल करना असंभव हो जाता है।
इस अध्ययन में पाया गया कि पक्षपात के कई रूप हो सकते हैं, जैसे जाति, लिंग, उम्र, धर्म आदि के आधार पर। यह पक्षपात कार्यस्थलों में कर्मचारियों के बीच असमानता और असंतुलन का कारण बन सकता है, जिससे कार्यकर्ताओं की मनोबल और कार्य क्षमता पर भी असर पड़ सकता है।
Nepotism से पक्षपात बढ़ा:
इस अध्ययन ने यह भी दिखाया कि पक्षपात के कारण कर्मचारियों की संतुलन और संगठन में विश्वास कम हो सकता है, जिससे कार्यकर्ताओं का कार्य प्रदर्शन भी प्रभावित हो सकता है। इसलिए, संगठनों को पक्षपात को रोकने और उसे निपटाने के लिए सकारात्मक कदम उठाने की आवश्यकता है।
भाईभतीजावाद (Nepotism) बनाम अर्थव्यवस्था (Economy)
अध्ययनों से पता चलता है कि भाई-भतीजावाद के कारण निर्णय लेने में पक्षपात, अनुचित व्यवहार और दीर्घावधि में कंपनी के प्रदर्शन में नुकसान हुआ है। हाल के अध्ययनों से यह भी साबित होता है कि भाई-भतीजावाद लोगों को हतोत्साहित, आत्मविश्वास में कमी और अलग-थलग महसूस कराता है। यह प्रतिस्पर्धा और नवाचार में भी बाधा डालता है।
संगठन कमजोर होता है
भाई-भतीजावाद के परिणाम संगठन को कमजोर कर सकते हैं और इससे उसकी कार्यक्षमता पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। यदि किसी संगठन में भाई-भतीजावाद की प्रवृत्ति होती है, तो वहाँ कार्यकर्ताओं की नियुक्ति और पदों की प्राप्ति में निष्पादन की भावना नहीं रहती। इससे कर्मचारियों की प्रेरणा और उत्साह कम हो जाता है और संगठन की कार्यक्षमता में गिरावट आ सकती है।
भाई-भतीजावाद के कारण संगठन में नेतृत्व की कमी हो सकती है और यह विभिन्न विभागों और कार्यकर्ताओं के बीच संगठन के लक्ष्यों और उद्देश्यों की साझेदारी को बाधित कर सकता है।
योग्य कर्मचारियों की भर्ती में पक्षपात बढ़ेगा
People also Ask:
Q. क्या बॉलीवुड में नेपटिज़म को रोका जा सकता है?
एक उचित/सक्षम बोर्ड या एसोसिएशन बनाना इन सबको रोकने का सबसे अच्छा तरीका है, जो भाई-भतीजावाद, कास्टिंग काउच से संबंधित शिकायतों से निपटे/संभाले/निगरानी करे।
Q. क्या नौकरियों में भाई भतीजावाद है?
जब किसी व्यक्ति को लगता है कि उसे किसी विशेष पद या पदोन्नति का हकदार होना चाहिए क्योंकि उसके परिवार के किसी सदस्य ने किसी व्यवसाय में काम किया है, तो उसे पात्रता भाई-भतीजावाद के रूप में जाना जाता है। यह विशेष रूप से परिवारिक स्वामित्व वाले व्यवसायों में आम है।
Q. क्या हर फ़ील्ड में भाई भतीजाबाद होता है?
हर क्षेत्र में भाई-भतीजावाद होता है? हाँ, यह हर जगह है, सिवाय आईटी उद्योग के, जहाँ कुछ मानक हैं ।
Q. क्या नेपटिज़म का कोई समाधान है?
भाई-भतीजावाद को रोकने के लिए कुछ प्रभावी तरीके हैं: स्पष्ट नीतियाँ स्थापित करें : नियुक्ति, पदोन्नति और व्यावसायिक निर्णयों में भाई-भतीजावाद को स्पष्ट रूप से प्रतिबंधित करने वाली नीतियाँ विकसित करें और लागू करें। योग्यता और योग्यता के आधार पर भर्ती, उन्नति और अवसरों के लिए स्पष्ट रूप से मानदंड परिभाषित करें।
Q. भाई भतीजावाद के फ़ायदे क्या है?
भाई-भतीजावाद के पक्ष में एक मुख्य तर्क यह है कि यह कर्मचारियों के बीच विश्वास और वफ़ादारी की भावना को बढ़ावा दे सकता है। जब परिवार के किसी सदस्य को काम पर रखा जाता है या पदोन्नत किया जाता है, तो इससे कंपनी के प्रति जवाबदेही और प्रतिबद्धता की भावना पैदा हो सकती है। इससे कार्यस्थल अधिक उत्पादक और कुशल बन सकता है।
disclaimer: फ़्रेंड्ज़, ये artical हमने पत्र पत्रिकाओं , न्यूज़ पेपर, और अन्य लेखों के माध्यम से लिखा है। और साथ ही हमारा पूरा प्रयास रहता है की आपको उचित जानकारी दी जाए, और Nepotism से सम्बंधित जो जानकारी हमने एकत्र की वो हमने लिख दी है ।लेकिन फिर भी इस आर्टिकल में कोई जानकारी ग़लत लिखी जाती है तो कृपया हम उसके ज़िम्मेदार नहीं है ।
ये Artical आपको कैसा लगा हमें कॉमेंट्स सेक्शन में अवश्य बताएँ । Thanks.



0 टिप्पणियाँ